जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: आठ बार के एमएलसी और 87 साल के बुजुर्ग शिक्षक नेता ओम प्रकाश शर्मा पहली बार चुनावी मैदान में शिकस्त खा गए। उनको गैर शिक्षक नेता और तीन कालेजों के प्रबंधक श्रीचंद शर्मा ने 4232 वोटों से पराजित करके इतिहास रच दिया। वहीं, स्नातक सीट पर मतगणना का काम चल रहा है।
भाजपा के दिनेश गोयल और शिक्षक संघ से जुड़े हेम सिंह पुंडीर के बीच मुकाबला चल रहा है। वहीं, मतगणना के दौरान कांग्रेस समेत कई विपक्षी उम्मीदवारों ने फर्जी चुनाव को लेकर हंगामा भी किया, लेकिन पुलिस फोर्स ज्यादा होने के कारण बवाल निष्प्रभावी रहा। परतापुर कताई मिल में पुलिस फोर्स चप्पे-चप्पे पर तैनात रही और मतदान एजेंटों के अलावा कोई दिखाई नहीं दिया।
वहीं, मानक के अनुसार नौ हजार का आंकड़ा न छूने के कारण दूसरी वरीयता की गिनती कराई गई। परतापुर कताई मिल में बनाए गए मतगणना केन्द्र के चार हालों में शिक्षक खंड और स्नातक के लिये एमएलसी चुने जाने है। एक दिसंबर को मतदान होने के बाद गुरुवार को मतगणना का काम सुबह आठ बजे शुरू हुआ।

इससे पहले कमिश्नर अनीता सी मेश्राम, डीएम के. बालाजी और एसएसपी अजय साहनी समेत तमाम पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने व्यवस्था का जायजा लिया और मतगणना शुरू करवाई। पूर्व डीएम और पर्यवेक्षक समीर वर्मा ने व्यवस्था की जानकारी ली।
स्नातक सीट पर शाम पांच बजे तक बंडल खोलने और उनको अलग अलग करने का काम चलता रहा। जबकि शिक्षक सीट पर 12 बजे से मतगणना प्रभावी ढंग से शुरु हो गई थी। माध्यमिक शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष ओम प्रकाश शर्मा की उम्र 87 वर्ष है। एमए अंग्रेजी के साथ बीएड ओम प्रकाश शर्मा लम्बे समय से शिक्षकों की राजनीति कर रहे हैं।

50 सालों से शिक्षक और स्नातक कोटे के एमएलसी चुनाव में अब तक ओम प्रकाश शर्मा गुट पूरी तरह हावी रहा है। इस बार के चुनाव में भाजपा ने शर्मा गुट के सियासी वर्चस्व तोडने के लिए शिक्षक कोटे की सीटों पर पहली बार अपने उम्मीदवार उतारे हैं। शिक्षक कोटे से मेरठ क्षेत्र पर ओम प्रकाश शर्मा का कब्जा है।
मेरठ की स्नातक सीट से भी उनके ही गुट के हेम सिंह पुंडीर लगातार चार बार से एमएलसी चुने गए और एक बार फिर किस्मत आजमा रहे हैं। ब्राह्मण और ठाकुर समीकरण के सहारे ओम प्रकाश शर्मा गुट का शिक्षक और स्नातक कोटे की एमएलसी सीटों पर एकछत्र राज है, लेकिन यह तिलिस्म इस बार नहीं चल पाया और ब्राह्मण और ठाकुर गठजोड़ बिखर गया। सबसे पहले शिक्षक सीट की वोटों की गिनती शुरू हुई।
मेरठ खंड में शामिल नौ जनपदों में मतदान के दौरान कुल 19,205 वोट पड़ीं थीं। इनमें से 1121 वोट निरस्त हो गईं। 18,139 वोट वैध पाई गई। जीत के लिए 9,070 वोट का लक्ष्य निर्धारित हुआ। मतगणना के पहले राउंड में सात हजार मतों की गणना में भाजपा प्रत्याशी श्रीचंद शर्मा को 2854 वोट और उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी व निवर्तमान एमएलसी ओमप्रकाश शर्मा को 894 वोट मिले। तीसरे स्थान पर निर्दलीय प्रत्याशी व शिक्षक नेता उमेश चंद्र त्यागी रहे।

उन्हें 718 वोट मिले। वहीं, दूसरे राउंड में भाजपा प्रत्याशी को 2562 वोट मिले। निवर्तमान एमएलसी को 1162 वोट और उमेश चंद त्यागी को 852 वोट मिले। तीसरे और अंतिम राउंड में भाजपा प्रत्याशी को कुल 7180, ओमप्रकाश शर्मा को 2954, उमेश चंद त्यागी को 1962 वोट मिले। इस तरह शिक्षक सीट से प्रथम वरीयता के अंतिम राउंड में भाजपा प्रत्याशी श्रीचंद शर्मा 4232 वोटों के अंतर से निर्णायक बढ़त बना चुके हैं।
उन्हें प्रथम वरीयता के कुल 7186 वोट मिले। वहीं ओमप्रकाश शर्मा को 2954 वोट मिले। तीसरे स्थान पर उमेश चंद्र त्यागी को 1962 वोट मिले। उधर, देर शाम तक स्नातक सीट के वोटों के बंडल बनाने का काम ही जारी रहा। रात दस बजे से मतगणना का काम शुरू हुआ।
प्रारंभिक रुझान में भाजपा प्रत्याशी दिनेश गोयल को बढ़त मिली है। उनको हेम सिंह पुंडीर से टक्कर मिल रही है। वहीं कांगे्रस और अन्य प्रत्याशियों ने कई बार फर्जी मतदान और मतगणना में गड़बड़ी का आरोप लगाकर हंगामा किया और नारेबाजी की। स्नातक सीट के लिये हर बार की तरह इस बार भी मतगणना पूरी होने में दो दिन लगने की संभावना है।
फोर्स ज्यादा, लोग कम
एसपी ट्रैफिक जितेन्द्र कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि मतगणना के लिये कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई है। सुरक्षा के लिये 3 एसपी, 7 सीओ, 7 थाना प्रभारी, 24 दारोगा, 250 सिपाही, 50 महिला सिपाही, एक कम्पनी पीएसी, एक कम्पनी आरएएफ, फायर ब्रिगेड और खुफिया विभाग के लोग लगाए गए हैं।
प्रत्याशियों को मिले मत
- श्रीचंद शर्मा 7187
- ओम प्रकाश शर्मा 2954
- उमेश चंद त्यागी 1962
- नितिन कुमार तोमर 1630
- धर्मेन्द्र कुमार 988
- रामपाल सिंह जांगड़ा 891
- रजनीश चौहान 581
- स्वराजपाल दुहन 462
- डा. सुशील कुमार 411
- निरस्त वोट 1121
- कुल वोट 19262
एनजीटी के आदेश की धज्जियां, 144 का उल्लंघन
इसे दुर्भाग्य नहीं तो क्या कहेंगे कि एनजीटी ने गुरुवार सुबह ही निर्देश जारी किये थे कि एनसीआर में अब आतिशबाजी नहीं होगी, लेकिन भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं ने इस आदेश की धज्जियां उड़ाते हुए एमएलसी चुनाव परिणाम आते ही जमकर आतिशबाजी की और धारा 144 का खुला उल्लंघन करते हुए पचासों वाहनों के साथ जुलूस निकाला और पार्टी के क्षेत्रीय कार्यालय पर जश्न मनाते हुए कोरोना गाइड लाइन भूल गए।
एनजीटी ने एनसीआर में बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए आतिशबाजी पर रोक लगा दी है। यह आदेश बुधवार को जारी किया गया था। शाम होते होते परतापुर कताई मिल के बाहर आदेश की धज्जियां उड़ने लगी और जमकर आतिशबाजी की गई। उस वक्त सरकारी अमला पूरी तरह से मिल के अंदर मौजूद था। वैसे तो आतिशबाजी शाम पांच बजे से होने लगी थी। वहां मौजूद पुलिस मूकदर्शक बनी रही और कार्यकर्ता जश्न में डूबे रहे।
जैसे ही भाजपा कार्यकर्ताओं को पता चला कि एमएलसी सीट उनके हिस्से में आ गई है और श्रीचंद शर्मा जीत गए हैं, आतिशबाजी ने जोर पकड़ लिया और नारेबाजी शुरु हो गई। परिणाम की अधिकृत घोषणा से पहले ही भाजपा प्रत्याशी को खुली जीप में लेकर पार्टी ने परतापुर कताई मिल से लेकर बागपत रोड स्थित पार्टी के क्षेत्रीय कार्यालय तक जुलूस निकाला। ऐसे में डीएम के. बालाजी द्वारा बुधवार को लगाई गई धारा 144 का खुला मजाक उड़ाया गया। जुलूस में शामिल लोगों ने कोविड गाइड लाइन का पालन करना जरूरी नहीं समझा, बिना मास्क के भीड़ के रूप में मौजूद रहे।
कताई मिल: ‘बाहर’ प्रत्याशियों के पंडालों में रही ‘बहार’
शिक्षक और स्नातक चुनाव में परतापुर स्थित कताई मिल के बाहर 200 मीटर के दायरे में बना गए प्रत्याशियों के पंडालों में दिन भर बहार छाई रही। कताई मिल के अंदर मतगणना चल रही थी और बाहर के पंडालों में चाय, पानी का दौर लगातार चल रहा था। पुलिस ने प्रत्याशियों के पंडालों को 200 मीटर के दायरे के बाहर लगाने की अनुमति दी हुई थी।
नौ जनपदों के हुए चुनाव में समर्थकों की भीड़ ने माहौल को पूरे दिन जीवंत बनाये रखा नहीं तो सुनसान इलाके में स्थित कताई मिल के पास पुलिसकर्मियों के अलावा कोई नहीं दिख रहा था। भाजपा, कांग्रेस, सपा और माध्यमिक शिक्षक संघ के प्रत्याशियों के अलावा 15-20 अन्य लोगों के पंडाल लगाए गए थे और उन पर शाम पांच बजे तक भीड़ दिखाई दी। जैसे ही तीसरे राउंड की गिनती खत्म होने को हुई और भाजपा प्रत्याशी के जीतने की संभावना बढ़ गई तभी लोगों ने वहां से निकलना शुरू कर दिया और थोड़ी देर में माहौल शांत हो गया।
भाजपा कार्यालय पर जीत का जश्न
भाजपा पश्चिम क्षेत्र कार्यालय हर्मन सिटी बागपत रोड पर भाजपा शिक्षक विधान परिषद चुनाव के प्रत्याशी श्रीचंद शर्मा की जीत सुनिश्चित होने पर स्वागत सभा का आयोजन किया गया। स्वागत सभा में पश्चिम उत्तर प्रदेश के अध्यक्ष मोहित बेनीवाल एवं शिक्षक चुनाव के संयोजक अनिल अग्रवाल राज्यसभा सांसद ने श्रीचंद शर्मा को पटका पहनाकर और शॉल ओढ़ाकर स्वागत किया।
कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए क्षेत्रीय अध्यक्ष मोहित बेनीवाल ने कहा कि यह जीत कार्यकर्ताओं के परिश्रम का परिणाम है। हम जब प्रत्याशी भी घोषित नहीं हुआ था, तब से तैयारी कर रहे थे। संगठन की शक्ति से हमने विपक्षियों का 48 साल का साम्राज्य है, ध्वस्त कर दिया। इसका श्रेय आप सभी देव तुल्य कार्यकर्ताओं को जाता है।
प्रदेश में बार भाजपा नौ सीटों पर चुनाव लड़ रही है। जिसमें से तीन पश्चिम क्षेत्र की है, मुरादाबाद और मेरठ की शिक्षक सीट हम जीत चुके हैं और स्नातक सीट पर भी आधे में हम और आधे में संपूर्ण विपक्ष होगा। इस जीत के लिए प्रदेश नेतृत्व को बधाई है। हमने उपचुनाव में भी इतिहास रचने का कार्य किया है।
यह सब आप जैसे कार्यकर्ताओं के बल पर संभव हुआ है। यह जीत संगठन प्रदेश नेतृत्व एवं कार्यकर्ताओं की जीत है। नई शिक्षा नीति से गुणवत्तापरक शिक्षा की प्राप्ति छात्रों को होगी। भ्रम पैदा वर्क करने वालों का तिलिस्म टूट गया। अभी कुछ दिन पहले ही प्रदेश सरकार ने 34000 शिक्षकों की नियुक्ति की। भाजपा शिक्षक विधान परिषद चुनाव के प्रत्याशी श्रीचंद शर्मा ने कहा की यह जीत कार्यकर्ताओं के अथक परिश्रम का परिणाम है।
हमारा संगठन शिक्षकों की सेवा करना चाहता है और नई शिक्षा नीति से लाभ मिल रहा है। स्वागत सभा का संचालन क्षेत्रीय महामंत्री हरीश ठाकुर एवं स्वागत सभा में क्षेत्रीय महामंत्री हरिओम शर्मा, विकास अग्रवाल, क्षेत्रीय मंत्री अंकुर राणा, इंद्रपाल प्रजापति, क्षेत्रीय मीडिया प्रभारी गजेंद्र शर्मा, मेरठ महानगर के अध्यक्ष मुकेश सिंघल, जिलाध्यक्ष अनुज राठी, गाजियाबाद जनपद से संजीव शर्मा, दिनेश सिंघल एवं वित्तविहीन शिक्षक संघ के मनोज शर्मा एवं अन्य शिक्षक उपस्थित रहे।

