- सक्रिय केस 8367, होम आइसोलेशन के मामले 8332, नहीं मिल रही राहत
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: जिले में कोरोना का संक्रमण तेजी से फैल रहा है, मगर बड़ी राहत की बात है कि ठीक होने वालों की संख्या भी बढ़ती जा रही है। रविवार को जहां एक बार फिर एक हजार से अधिक संक्रमित केस मिले हैं, वहीं कोरोना को मात देने वालों की आंकड़ा भी फिर से 500 को पार कर गया।
बता दें, गत पांच दिनों से प्रतिदिन एक हजार से ज्यादा नए केस सामने आ रहे हैं। रविवार को मिले 1168 नए केस समेत अब कुल सक्रिय मरीजों की संख्या 8367 हो गई हैं। होम आइसोलेशन के मामले 8332 हैं। सर्विलांस अधिकारी डा. अशोक तालियान ने बताया कि रविवार को 6630 लोगों के सैंपल की जांच में 1168 की रिपोर्ट में कोरोना की पुष्टि हुई है। बताया कि 578 मरीज कोरोना को हराकर स्वस्थ हो गए हैं।
रविवार को किसी मरीज की मौत नहीं हुई है। 5348 लोगों के नए सैंपल जांच को लैब भेजे गए हैं। 35 नए संक्रमितों को भर्ती किया गया। बड़ी संख्या में मरीजों का ठीक होना बड़ी राहत है। उधर, सरधना क्षेत्र में रोजाना कोरोना के केस बढ़ते जा रहे है। बढ़ते कोरोना के आंकड़े ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है। एक दिन पूर्व जांच के लिए भेजे गए सैंपल की रिपोर्ट आने के बाद पता चला कि 19 लोग कोरोना पॉजिटिव हैं।
जिनमें नगर के अलावा आसपास गांवों के लोग शामिल हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने सभी को तत्काल होम आइसोलेट करा दिया। साथ ही उनके संपर्क में आने वाले लोगों की भी सैंपलिंग कराई। रविवार को स्वास्थ्य विभाग ने कुल 135 लोगों के सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे। इस संबंध में सीएचसी प्रभारी डा. सचिन कुमार का कहना है कि 19 लोग कोरोना पॉजिटिव मिले हैं। उनके संपर्क में आने वाले लोगों की भी जांच कराई जाएगी।
109 और बच्चे संक्रमित
रविवार को 109 और बच्चे करोना से संक्रमित मिले हैं। अभी तक संक्रमित बच्चों की संख्या करीब 500 पहुंच गई है। रविवार को 466 महिला ओर 702 पुरुष में संक्रमण की पुष्टि हुई है। 1168 केस में 628 नए और 540 संपर्क में आने के मामले हैं।
तीसरी लहर, ठंड से 23 तक बंद रहेंगे स्कूल-कॉलेज
कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामलों और भीषण ठंड के चलते प्रदेश शासन ने फिलहाल अभी शैक्षणिक संस्थान बंद रखने के निर्णय को बरकरार रखा है। नए आदेश के तहत स्कूल और कॉलेज समेत सभी शैक्षिक संस्थान अब 23 जनवरी तक बंद रहेंगे।
बता दें कि नए आदेश के तहत स्कूल और कॉलेज समेत सभी शैक्षिक संस्थान अब 23 जनवरी तक बंद रहेंगे। अपर मुख्य सचिव सूचना नवनीत सहगल ने रविवार सुबह ट्वीट कर इस संबंध में घोषणा की। कोरोना संक्रमण के तेजी से बढ़ते मामलों और हाड़ कंपाती ठंड के बीच स्कूलों ने बच्चों को बुलाने की तैयारी कर ली थी। जहां कोरोना संक्रमण की तीसरी लहर गति पकड़ चुकी है और बड़ी संख्या में बच्चे टीकाकरण से अभी वंचित हैं, वहीं निजी स्कूलों सोमवार से आॅफलाइन क्लास संचालित करने की प्लानिंग कर चुके थे। सरकार की ओर से रविवार को आदेश जारी कर सभी अटकलों पर विराम लगा दिया गया।
टीकाकरण में युवाओं ने दिखाया उत्साह
रविवार को अपर आयुक्त चैत्रा वी की अध्यक्षता में एक वर्चुअल बैठक आयोजित की गई। जिसमें 15 वर्ष से 18 वर्ष आयु पूर्ण कर चुके छात्र-छात्राओं के वैक्सीनेशन की समीक्षा की गई। बैठक के दौरान जिले मेें कोविड-19 संक्रमण की रोकथाम के लिए वैक्सीनेशन पर बल भी दिया गया।

जिले में कुल पंजीकृत 79834 छात्र छात्राओं में से अभी तक 36870 छात्र-छात्राओं का वैक्सीनेशन हो चुका है और 42964 छात्र-छात्राएं वैक्सीनेशन को शेष बचे हैं। अर्थात लगभग 46 प्रतिशत छात्र-छात्राएं वैक्सीनेट हो चुके हैं और 54 प्रतिशत शेष बचे हैं। इस पर अपर आयुक्त द्वारा प्रसन्नता व्यक्त की गई तथा पांच दिन के अंतर्गत जनपद में 100 प्रतिशत छात्र-छात्राओं का वैक्सीनेशन कराने के आदेश निर्गत किए गए हैं।
इसके लिए जिला विद्यालय निरीक्षक को प्रत्येक रूट का तिथि दिवस और समय बार रूट प्लान बनाकर मुख्य चिकित्सा अधिकारी को उपलब्ध कराने के निर्देश जारी किए गए हैं। साथ ही मुख्य चिकित्सा अधिकारी को निर्देश दिए गए हैं कि वे रूट प्लान के अनुसार वैक्सीनेशन के लिए टीम गठित कर प्रत्येक दशा में समय से भेजना सुनिश्चित करें। इसके बाद वैक्सीनेशन के लिए प्रत्येक संस्था प्रधान तथा प्रबंधक को एक प्रमाण पत्र उपलब्ध कराना होगा कि उस संस्था में 100 प्रतिशत वैक्सीनेशन हो चुका है जो भी कक्षा अध्यापक सर्वप्रथम वैक्सीनेशन की सूचना 100 प्रतिशत वैक्सीनेशन के साथ उपलब्ध कराएंगे। उन्हें प्रशासन के द्वारा प्रशस्ति पत्र प्रदान करके सम्मानित किया जाएगा।
जिन विद्यालयों में वैक्सीनेशन अति शीघ्र कराया जाएगा। उन दिवस के वैक्सीनेटेड छात्र-छात्राओं को लकी ड्रॉ के माध्यम से आयुक्त और अपर आयुक्त की तरफ से 100 टीशर्ट द्वारा सम्मानित किया जाएगा। अपर आयुक्त ने बताया की 15 से 18 वर्ष की आयु के छात्र-छात्राओं को कोविड-19 के संक्रमण से रोकने के लिए वैक्सीनेशन किया जाना अनिवार्य है। सभी बच्चे सुरक्षित रहें, यह हम सभी की जिम्मेदारी है। इस बैठक में संयुक्त शिक्षा निदेशक माध्यमिक ओमकार शुक्ला, जिला विद्यालय निरीक्षक गिरजेश कुमार चौधरी, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी योगेंद्र कुमार और डा. मेघराज सिंह प्रधानाचार्य एएस इंटर कॉलेज मवाना ने प्रतिभाग किया।
10432 ने लगवाया सुरक्षा कवच
जनपद में कोरोना की पहली खुराक लेने वालों ने रविवार को भी सुस्ती दिखाई। वहीं दूसरी खुराक वालों में उत्साह बना रहा। दूसरी डोज वालों का आंकड़ा लगातार बढ़ रहा है। रविवार को कुल 10432 लोगों ने टीकाकरण में भाग लिया। दूसरी डोज लेने वालों की संख्या 5085 रही। डीआईओ डा. प्रवीण गौतम ने बताया कि रविवार को 15 से 17 आयु वर्ग में 1968 किशोरों ने वैक्सीनेशन किया गया है।
18 वर्ष से अधिक आयु वर्ग में 3106 लोगों ने पहली खुराक ली। पहली डोज लेने वालों की कुल संख्या 5074 रही। 18 से अधिक आयु वर्ग में दूसरी खुराक लेने वालों की संख्या 5085 रही। उन्होंने बताया कि 273 लोगों ने प्रिकॉशनरी टीका लगवाया है, जिसमें 60 साल से अधिक आयु वर्ग 61, हेल्थ 110 और फ्रंटलाइन वर्कर्स 102 शामिल रहे।

