- प्रांतीय आह्वान पर कार्यकत्रियों ने कलक्ट्रेट पर दिया धरना
जनवाणी संवाददाता |
मुजफ्फरनगर: 62 वर्ष की आयु पूरी करने वाली आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को निष्कायित किए जाने के विरोध में महिला आंगनबाड़ी कर्मचारी संघ ने प्रांतीय आह्वान पर हुंकार भरते हुए सरकार के विरूद्ध धरना दिया।
सोमवार को महिला आंगनबाड़ी कर्मचारी संघ के बैनर तले कार्यकत्रिया कलक्ट्रेट पहृुंची और क्रमिक अनशन पर बैठ गई। यहां संघ की जिलाध्यक्ष कृष्णा प्रजापति ने कहा कि सरकार आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों का उत्पीडन कर रही है।
उन्होने बताया कि सरकार ने 62 वर्ष की आयु पूरी करने वाली कार्यकत्रियों को बिना सहायता राशि दिए निष्कासित करने का काम किया है,जो उनका खुला उत्पीडन है।
अनशन की अध्यक्षता सुधा त्यागी व संचालन संगीता ने किया। जिला संरक्षक अजब सिंह ने कहा कि जिला प्रशासन ने पुरकाजी ब्लाक से 22 व जानसठ से 22 सहायिकाओं को बिना किसी सहायता के सेवानिवृत्ती का तमागा देकर बेरोजगार कर दिया गया।
जिलाध्यक्ष कृष्णा प्रजापति ने कहा कि सरकार के सौतेल व्यवहार से कार्यकत्रिया भुखमरी के कगार पर है जानसठ के गांव जटवाडा में पदमावती नामक महिला की मौत हो गई।
उन्होने मांग करते हुए कहा कि सरकार को पांच लाख रूपये की सहायता राशि देने के साथ पांच हजार रूपये प्रति माह पेंशन देने के बाद कार्यकत्रियों को सेवानिवृत्त करना चाहिए।
इस दौरान गुड्डी, योगेश देवी, निर्मला देवी, सुमन मलिक, अर्चना गर्ग, योगेश, बिमला, बबीता, अनिता पंवार, संगीता देवी, सरला रानी, संजों देवी ने एक सुर में सरकार के विरूद्ध आवाज उठाते हुए कहा कि वह अपने अधिकारों की लडाई के लिए आन्दोलन चलाने से पीछे नहीं हटेंगे।

