- रुपये बचाने के लालच में दिया जा रहा अंजाम, प्रशासन की आंख बंद
- जिलापूर्ति विभाग की ओर से मंगलवार से चलेगा अभियान
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: सब्सिडी वाले घरेलू गैस सिलेंडर का बिना किसी डर के धड़ल्ले से कुछ रुपये बताने की खातिर कमर्शियल इस्तेमाल किया जा रहा है, लेकिन प्रशासन आंखें मूंदे बैठा है। एक तरफ घरेलू गैस सिलेंडर लेने के लिए उपभोक्ता लंबी लाइनों में लगकर धक्के खाने को मजबूर हैं। वहीं, दूसरी ओर शहर के बाजार में खुलेआम दुकानदारों द्वारा कमर्शियल की जगह इनका प्रयोग किया जा रहा है।

शहर से लेकर ग्रामीण इलाके में अधिकतर होटल, मिठाई व चाय की दुकानों में घरेलू गैस सिलेंडर का सरेआम इस्तेमाल हो रहा है। इसके बावजूद लोगों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हो रही। वहीं, दूसरी ओर नियम यह है कि इस तरह के प्रतिष्ठानों पर घरेलू गैस की जगह कमर्शियल सिलेंडरों का प्रयोग किया जा सकता है। पिछले कई सालों से घरेलू गैस सिलेंडर का व्यावसायिक कामों में धड़ल्ले से उपयोग हो रहा है। इन सिलेंडरों पर सब्सिडी जारी होने के बावजूद इनके व्यावसायिक उपयोग पर प्रतिबंध नहीं लग पाया है।
अब शहर में घरेलू गैस सिलेंडर का कमर्शियल में इस्तेमाल करने वालों पर सख्ती से कार्रवाई की जायेगी। पकड़ में आते ही तुरंत ही उनके खिलाफ मुकदमा कायम कराया जायेगा। रविवार को भी विभाग की ओर से इस मामले में मुकदमा कायम किया गया था अब मंगलवार से अभियान चलाकर ऐसा कार्य करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जायेगी। शहर में घरेलू गैस सिलेंडरों का खुलेआम कमर्शियल में यूज किया जा रहा है।
यहां जगह-जगह ठेली रेहड़ी वाले, रेस्टारेंट और होटलों पर घरेलू गैस सिलेंडरों का इस्तेमाल किया जा रहा है। शहर का कोई भी मार्ग हो वहां चल रहे रेस्टारेंट पर घरेलू सिलेंडरों का इस्तेमाल होता मिल जायेगा। इनके खिलाफ अब जिलापूर्ति विभाग की ओर से अभियान छेड़ दिया गया है। घरेलू गैस सिलेंडर इस समय 1050 के आस पास है और कमर्शिलय सिलेंडर 2300 रुपये करीब का आ रहा है।

ऐसे में रेस्टोरेंट और ठेली रेहड़ी वाले खुलेआम घरेलू गैस सिलेंडर का इस्तेमाल करते हैं। शहर की सभी बेकरी, स्वीट्स की दुकानों समेत सैकड़ों जगहों पर अभी भी घरेलू गैस सिलेंडरों का इस्तेमाल हो रहा है। विभाग की ओर से सख्ती न किये जाने के कारण शहर में इनका इस्तेमाल काफी मात्रा में होता है। एआरओ जोगेंद्र सिंह ने बताया कि घरेलू गैस सिलेंडर का कमर्शियल इस्तेमाल करने वालों के खिलाफ सख्ती से कार्रवाई की जायेगी। मंगलवार से अभियान चलाकर इनके खिलाफ मुकदमा तक दर्ज कराया जायेगा।
बिना किसी रोकटोक के चलता है गोरखधंधा
शहर में बिना किसी रोकटोक के ही यह गोरखधंधा काफी फलफूल रहा है। रेहड़ियों, दुकानों में यहां तक कि खुले में सरेआम सड़क पर सिलेंडर रखकर इस्तेमाल हो रहा है। शहर में शायद ही कोई ऐसी सड़क हो जहां लगी रेहड़ियों पर घरेलू सिलेंडर देखने को न मिल रहा हो। कई इलाकों में जहां रेहड़ियों पर घरेलू गैस का इस्तेमाल हो रहा है। वहीं, कई दुकानों में भी इसका इस्तेमाल किया जा रहा है। देखने में आ रहा है कि घरेलू उपभोक्ताओं को कई बार समय पर गैस सिलेंडर न मिलने के कारण परेशानी उठानी पड़ती है, लेकिन कमर्शियल इस्तेमाल करने वालों को आसानी से सिलेंडर मिल जाते हैं।
पेट्रोल पंपों पर घटतोली को भी टीम बनाई
शहर के पेट्रोल पंपों पर भी लगातार घटतौली की शिकायतें मिल रही हैं। जिसके चलते मंगलवार से फिर एक बार जिलापूर्ति और बांट माप तौल विभाग की संयुक्त टीम पेट्रोल पंपों पर जांच पड़ताल करेगी। एआरओ पशुपति नाथ ने बताया कि मंगलवार से फिर अभियान चलाया जायेगा और पेट्रोप पंपों पर मिल रही शिकायतों को लेकर जांच कराई जायेगी। शनिवार को भी उनकी ओर से अभियान चलाया गया था जो अब मंगलवार से फिर शुरू किया जायेगा।

