- सीएए नोटिफिकेशन के बाद शांति के बावजूद शहर में हाई अलर्ट जारी
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: पुलिस कर्मियों की छुट्टी कैंसिल कर दी गयी हैं। उन्हें तत्काल डयूटी पर पहुंचकर ज्वाइंनिंग के आदेश जारी कर दिए गए हैं। सीएए के नोटिफिकेशन के बाद पूरे महानगर में कहीं से भी किसी अप्रिय वारदात की सूचना नहीं, लेकिन उसके बावजूद पुलिस फोर्स हाईअलर्ट पर है।
नाम न छापे जाने की शर्त पर एक बड़े अफसर ने जानकारी दी कि गृहविभाग के सीएए लागू किए जाने के निर्देशों के बाद इसके साइड इफेक्ट से निपटने के लिए होमवर्क काफी पहले से शुरू कर दिया गया था। करीब एक माह पहले से इस पर काम चल रहा है। उसका यह फायदा हुआ कि नोटिफिकेशन लागू होने के बाद कहीं से भी किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली है।
खास वर्ग में नाराजगी है कायम
सीएए लागू होने के यूं तो शहर में अमन शांति नजर आती है, लेकिन अनौपचारिक बातचीत में एक खास वर्ग में इसको लेकर नाराजगी का खुलाकर इजहार किया जा रहा है, लेकिन अच्छी बात यह है कि इस बार साल 2019 की तर्ज पर विरोध के नाम पर हिंसा का सहारा लोग नहीं ले रहे हैं, लेकिन इसके बावजूद नाराजगी की बात से इंकार नहीं किया जा सकता।
संवेदनशील इलाकों भारी फोर्स
जनपद भर में करीब 20 ऐसे इलाके हैं जो संवेदन या अति संवेदनशील इलाकों में शामिल किए जाते हैं। जैसे ही नोटिफिकेशन जारी किया गया, तत्काल इन तमाम इलाकों में पुलिस फोर्स को सक्रिय कर दिया गया। वहां अतिरिक्ति सुरक्षा बल तैनात कर दिए गए। तमाम आलाधिकारी जिनमें एसएसपी से लेकर एसपी सिटी व तमाम सर्किल के सीओ भी शामिल रहे सड़कों पर निकल आए। थानेदारों को लगातार गश्त पर अलर्ट के निर्देश दिए गए।

एडीजी ने लिया अपडेट
सीएए का नोटिफिशन जारी किए जाने के बाद से सूबे के पुलिस प्रमुख लगातार अपडेट ले रहे हैं। आलाधिकारियों से अपडेट लिया गया। कुछ जरूरी हिदायतें भी दी गयीं। एडीजी के हवाले से मीडियो को बताया कि कानून-व्यवस्था पूरी तरह मुस्तैद है। कहीं से भी कोई अप्रिय घटना की खबर नहीं है। सीएए लागू होने की जानकारी पहले से ही थी। इसलिए हम पहले से ही तैयार थे। इससे जुड़े सभी स्टेक होल्डर्स जैसे धार्मिक नेता, पीस कमेटी, डिजिटल वालंटियर्स और सिविल डिफेंस के लोगों से लगातार वार्ता चल रही थी।
कहा कि मैं फिर से स्पष्ट कर देना चाहता हूं कि सीएए एक ऐसा कानून है जिससे किसी की नागरिकता नहीं जाएगी बल्कि ये नागरिकता देने का कानून है। इसका लाभ उन लोगों को मिलेगा। शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए 179 कंपनी पीएसी और 100 कंपनी सीएपीएफ तैनात की गई है। निगरानी की जा रही हैं। डीएम व पुलिस अफसरों की टीम लगातार लोगों से संवाद कर रही है।
शोहदा उतरा ओछी हरकत पर, छात्रा को दी तेजाब डालने की धमकी
मेरठ: कंकरखेड़ा क्षेत्र निवासी एक मनचले ने 11वीं की छात्रा को पहले फे्रंडशीप का आॅफर दिया। छात्रा ने इनकार किया तो उस पर तेजाब डालने की धमकी दे दी। पुलिस द्वारा कार्रवाई न करने पर आरोपी नाबालिग छात्रा को अगवा कर फरार हो गया। छात्रा के परिजनों ने पुलिस आॅफिस पर एसएसपी से बेटी की बरामदगी की गुहार लगाई है। कंकरखेड़ा थाना क्षेत्र हंस हॉस्पिटल के सामने की निवासी एक महिला ने मंगलवार को एसएसपी को दिये प्रार्थनापत्र में आरोप लगाया कि हरीनगर निवासी अनुराग पुत्र पवन कुमार राणा आये दिन उसकी नाबालिग बेटी के साथ स्कूल आते जाते छेड़छाड करता था। युवक उसकी बेटी से फ्रेंडशीप करने के लिए दबाव बनाता था।
जब उससे एतराज जताया तो उसने उस पर तेजाब डालने की धमकी दी। इस पर परिजनों ने 24 फरवरी को एसएसपी के समक्ष आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर एक शिकायतपत्र दिया था, लेकिन कंकरखेड़ा पुलिस की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की गई। महिला ने बताया कि उसकी बेटी 10 मार्च को टयूशन पढ़ने गई थी। आरोपी अनुराग रास्ते से उसकी नाबालिग बेटी को अगवा कर फरार हो गया। थाना कंकरखेड़ा पुलिस से शिकायत की लेकिन वह किसी प्रकार की कार्रवाई नहीं कर रही। महिला ने मंगलवार को एसएसपी को प्रार्थनापत्र देकर बेटी की बरामदगी की गुहार लगाई है।

