- खादर के शिवसदन कृषिफार्म का मामला
जनवाणी संवाददाता |
किठौर: खादर में वर्षों से भूमाफिया से शिवसदन कृषिफार्म के वजूद की लड़ाई लड़ रहे सेवादार फार्म से अर्जित आय के हिसाब को लेकर अब खुद दो फाड़ हैं। रविवार को पुलिस की मौजूदगी में तेजपुरी फार्म पर दोनों गुटों की पंचायत हुई जिसमें दोनों ने एक-दूसरे से हिसाब मांगा। सुलह न होने पर एक गुट ने थाने में तहरीर दी है। पुलिस दोनों पर मुचलका पाबंदी की कार्रवाई की तैयारी कर रही है।
रविवार को भगवानपुर खादर स्थित शिवसदन कृषिफार्म के लगभग तीन दर्जन सेवादार किठौर थाने पहुंचे। उन्होंने बताया कि तेजपुरी में भी उनका कृषिफार्म है। जो सेवादार हरजीत सिंह पुत्र सादा सिंह की देखरेख में चलता था। लेकिन पिछले दिनों बंटी, बिट्टा और विक्रमजीत सिंह जैसे कुछ शरारती तत्वों ने अन्य लोगों के साथ मिलकर इस पर अवैध कब्जा कर लिया। अब उक्त लोग फार्म का हिसाब नही दे रहे हैं। आरोप है कि हिसाब मांग रहे संगत के लोगों से आरोपियों ने पुलिस की मौजूदगी में अभद्रता की है।
सेवादारों ने पुलिस से तेजपुरी फार्म आरोपियों से कब्जामुक्त कराने की मांग की, लेकिन इंस्पेक्टर ने भूमि विवाद में हस्तक्षेप से साफ इंकार कर दिया। इंस्पेक्टर सुनील सिंह का कहना है कि फार्म पर कब्जा दिलाने या हटाने का पुलिस को अधिकार नहीं। ये काम शिवसदन कमेटी के लोगों का है वही तय करेंगें। उन्होंने कहा कि विवाद की आशंका के चलते पुलिस दोनों गुटों पर मुचलका पाबंदी की कार्रवाई की तैयारी कर रही है। सूत्रों का कहना है कि गत पांच जुलाई को हरजीत गुट के सेवादार इंस्पेक्टर से मिले थे उन्होंने बंटी, बिक्कर से हिसाब कराने की बात कही थी।
जिसके बाद पुलिस ने रविवार का दिन निर्धारित कर दोनों गुटों को बातचीत के लिए थाने बुलाया था, लेकिन वहां भी बात नही बनी। उधर, बंटी और विक्रमजीत गुट का कहना है कि कमेटी ने चार वर्ष पूर्व हरजीत सिंह को तेजपुरी फार्म की जिम्मेदारी दी थी। बाद में उसे वहां से हटाकर विक्रमजीत व बंटी को जिम्मेदारी दे दी गई। विक्रमजीत का दावा है कि उसका कमेटी के लोगों से समझौता हो चुका है। जो लोग तेजपुरी फार्म का हिसाब मांग रहे हैं वे भगवानपुर खादर और शाहजहांपुर कृषिफार्म पीलीभीत पर काबिज हैं।
पहले वे लोग दोनों फार्मों का हिसाब दें तब हम कमेटी को तेजपुरी फार्म का हिसाब देंगे। बताते चलें कि शिवसदन सदन के तमाम सेवादार फार्म का वजूद बचाने के लिए वर्षों से भूमाफिया से लड़ते चले आ रहे हैं। क्योंकि भूमाफिया की खादर की जमीनों पर नजर रहती है और वे मौका पाते ही फर्जी बैनामों और अवैध कब्जों से यहां काबिज हो जाते हैं। शिवसदन के भूमि विवाद में कई लोगों की हत्याएं हो चुकी हैं।
पुलिस ने चावल भरी पिकअप पकड़ी
मेरठ: सरकारी चावल की कालाबाजारी रोकने का नाम नहीं ले रही है। रविवार शाम को डायल 112 को मुखबिर द्वारा सूचना मिली कि चावल से भारी पिकअप जा रही है। पुलिस ने हापुड़ रोड स्थित लोहिया नगर मंडी के पास चावल से भारी पिकअप को पकड़ लिया। डायल 112 पुलिस ने संबंधित थाने को मामले की जानकारी दी। पुलिस कर्मी चावल से भरी पिकअप व ड्राइवर को थाने ले आये। पुलिस ने आपूर्ति विभाग के अधिकारी को मामले की जानकारी दी। मौके पर पहुंचे आपूर्ति विभाग के सप्लाई इंस्पेक्टर दिनेश चंद्र ने चावलों की जांच पड़ताल की। सप्लाई इंस्पेक्टर दिनेश चंद्र ने बताया कि पिकअप में 33 कुंतल चावल बरामद किया गया है।
पिकअप ड्राइवर मनीष निवासी फतेहउल्लापुर निवासी से पूछताछ की। ड्राइवर ने बताया कि बुनकर नगर निवासी मेहराज का चावल बताया। जोकि हापुड़ बेचने के लिए जा रहे थे। फिलहाल चावल से भारी पिकअप व ड्राइवर को कब्जे में ले लिया गया है। सप्लाई इंस्पेक्टर दिनेश चंद्र का कहना है कि जांच कर आगे की कार्रवाई की जा रही है। इसके अलावा टीपीनगर थाना क्षेत्र में भी डीएसओ विनय कुमार ने चावलों से भरी पिकअप पकडेÞ जाने की जानकारी दी थी, लेकिन पुलिस ने उसकी पुष्टि नहीं की है।

