- ब्लड प्रेशर, शुगर जैसी बीमारियां है मुख्य, यह बीमारियां आज कम उम्र के युवाओं को हो रही
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: आधुनिकता की भाग-दौड़ में व्यस्ततम जीवन शैली के चलते आज के युवा उन बीमारियों से ग्रस्त होते जा रहे है, जिन बीमारियों को एक सीमित उम्र पार करने के बाद की बीमारियां माना जाता था। जिसमें ब्लड प्रेशर, शुगर जैसी बीमारियां मुख्य है। यह बीमारियां आज कम उम्र के युवाओं को हो रही है। आज स्वस्थ जीवनशैली को अनदेखा करके युवाओं का लक्ष्य केवल एक-दूसरे से आगे निकलने की होड़ में लग गया है।
जहां पहले-पहले युवाओं में इस बीमारी का ग्राफ दो फीसदी तक देखने को मिलता था, अब यह ग्राफ 10 फीसदी तक पहुंच गया है। आमतौर पर पहले यह बीमारी 40 वर्ष से अधिक की उम्र के लोगों में देखने को मिलती थी, लेकिन अब इससे 30 वर्ष के युवा भी अछूते नहीं है। हर वर्ष 500 से ज्यादा युवा प्री डाइबिटिक स्टेज में पाये जाते हैं। डा. आरपी सिंह बताते है कि उनके पास 60% केस युवाओं में ब्लड प्रेशर व शुगर के सामने आ रहे हैं।
इसका मुख्य कारण तनाव, अनियमित भोजन का समय, जंकफूड, स्लीपिंग पैटर्न, जैनेटिक, मानसिक तनाव, अधिक वसायुक्त या कैलोरीयुक्त भोजन, मदिरा पण कारण हो सकते हैं। वहीं, युवाओं को मोटापा, अधिक प्यास लगना, बार-बार पेशाब आना, वजन गिरना जैसी समस्या महसूस हो तो यह शुगर के लक्षण हो सकते हैं। चिकित्सकों का कहना है कि यदि युवाओं ने अपनी जीवन शैली में बदलाव नहीं किया तो स्थिति और भयावह होने की संभावना है।
शुगर से कैसे करें बचाव
- नियमित समय पर ब्रेकफास्ट, लंच, डिनर करें।
- शुगर इन्टेक से बचें।
- जंकफूड से दूरी रखें।
- हेल्थी लाइफस्टाइल फॉलो करें।
- फलों का सेवन करें।
- प्रतिदिन व्यायाम करें।

