डीएम के बालाजी ने मेडिकल और जिला अस्पताल का किया निरीक्षण, निर्देश दिये
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: नवागत डीएम के बालाजी ने रविवार रात में पदभार ग्रहण करने के बाद मेडिकल कॉलेज जिला अस्पताल व जिला महिला अस्पताल का औचक निरीक्षण किया।
उन्होंने कहा कि कोरोना के नियंत्रण के गंभीर प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने कहां की मरीजों को अच्छा उपचार दिया जाए तथा उनकी निरंतर सेवा की जाए व सतत् निगरानी की जाए।
उन्होंने वहां भर्ती मरीजों में से क्रिटिकल केस की जानकारी ली तथा शवों के निस्तारण के लिए ट्रांसपेरेंट बॉडी बैक कवर में शवों को उनके परिजनों को सौंपने के लिए कहा ताकि जो घटना पूर्व में मेडिकल कॉलेज में प्रकाश में आई है उसकी पुनरावृत्ति न हो।
डीएम के बालाजी ने लाला लाजपत राय स्मारक मेडिकल कॉलेज का निरीक्षण कर वहां डेमोंसट्रेशन सेंटर में मेडिकल सुपरिटेंडेंट, उप प्रधानाचार्य व प्रशासनिक अधिकारियों के साथ बैठक की।
उन्होंने वहां बेड की उपलब्धता आक्सीजन सिलेंडर की उपलब्धता आदि की जानकारी ली तथा सीसीटीवी कैमरे से की जा रही मॉनिटरिंग को भी देखा। उन्होंने कहा कि जिन मरीजों की मृत्यु हो जाती है।
उनको ट्रांसपेरेंट बॉडी कवर में रखा जाए जिस पर कोरोना वार्ड प्रभारी डा. सुधीर राठी ने बताया कि ट्रांसपेरेंट बॉडी कवर लेने के प्रयास किए जा रहे हैं।
साथ ही डीएम ने उपस्थित डॉक्टरों से डेथ एनालिसिस का डाटा मांगा तथा बढ़ती मृत्यु पर कारण जाना जिस पर कोरोना वार्ड प्रभारी डा. सुधीर राठी ने बताया कि अधिकतर मृत्यु मरीज के भर्ती होने के 48 घंटे के अंदर ही हुई है। अर्थात ऐसे केस जो भर्ती होने के समय ही क्रिटिकल थे व अन्य कई बीमारियों से पीड़ित रहे हैं या ऐसे मरीज जिनमें सात-आठ दिन में भी कोई इंप्रूवमेंट नजर नहीं आ रहा है।
उन्होंने कहा कि डॉक्टरों की टीम द्वारा निरंतर व सतत् प्रयास मृत्यु रोकने के किए जा रहे हैं। डा. सुधीर राठी ने बताया कि वर्तमान में मेडिकल कॉलेज में 142 कोरोना मरीज भर्ती हैं।
डीएम द्वारा प्लाज्माथेरेपी से कोरोना मरीजों के इलाज के बारे में पूछे जाने पर डा. सुधीर राठी ने बताया कि इस संदर्भ में मेडिकल कॉलेज में सुभारती मेडिकल कॉलेज से एक एमओयू साइन किया है।
जिला अधिकारी द्वारा कोरोना के अतिरिक्त अन्य मरीजों के इलाज के संदर्भ में पूछे जाने पर डा. सुधीर राठी ने बताया कि वर्तमान में मेडिकल कॉलेज में इमरजेंसी, सेमी इमरजेंसी व उम्मेद अस्पताल संचालित हैं तथा ओपीडी के लिए टेली मेडिसिन्स की व्यवस्था मेडिकल कॉलेज द्वारा की गई है।

जिला अधिकारी ने एंबुलेंस की उपलब्धता, आक्सीजन सिलेंडर की उपलब्धता की जानकारी ली उन्होंने कहा कि जिन मरीजों की मृत्यु कोरोना के कारण हो जाती है उनके शव को पारदर्शिता के साथ उनके परिजनों को सौंपा जाए तथा शवों को ट्रांसपेरेंट बॉडी बैक कवर में ही रखा जाए।
वहीं, मेडिकल कॉलेज के निरीक्षण के उपरांत नवागत डीएम के बालाजी ने प्यारे लाल शर्मा जिला अस्पताल व जिला महिला अस्पताल का औचक निरीक्षण किया।
उन्होंने जिला अस्पताल में इमरजेंसी वार्ड में दी जा रही सेवाओं का निरीक्षण किया तथा जिला महिला अस्पताल में भी दी जा रही विभिन्न सेवाओं का निरीक्षण किया उन्होंने कहा कि मरीजों को अच्छा उपचार उपलब्ध कराए जाए तथा मरीजों व उनके परिवार से अच्छा व्यवहार रखा जाए।
उन्होंने मेडिकल कॉलेज के डॉक्टर से व जिला अस्पताल व जिला महिला अस्पताल के डॉक्टर से कहा कि अगर उन्हें प्रशासन की तरफ से कोई मदद या चीज की आवश्यकता है तो वह उन्हें आवश्यक रूप से सूचित करें ताकि उसको उपलब्ध कराए जा सके।
इस अवसर पर मेडिकल कॉलेज के प्रधानाचार्य डा. विनय अग्रवाल, कोविड वार्ड प्रभारी डा. सुधीर राठी, डा. विपिन धामा मुख्य विकास अधिकारी साधन एडीएम सिटी अजय तिवारी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
पहले आईपीएस, फिर आईएएस बने बालाजी

नये डीएम के बालाजी पहले आईपीएस बने और फिर आईएएस। डीएम का मानना है कि पुलिस के साथ बेहतर समन्वय के साथ काम किया जाएगा ताकि कानून व्यवस्था बेहतर रहे।
मूलरूप से तमिलनाडु के त्रिचुरापल्ली के रहने वाले के बालाजी 2009 में आईपीएस बने थे। वर्तमान एसएसपी अजय साहनी के साथ उन्होंने ट्रेनिंग की थी। बाद में सिविल सर्विस की फिर परीक्षा दी और 2010 में आईएएस बनने में सफलता हासिल कर ली।
उनका कहना है कि कोरोना के संक्रमण से बचाव और कानून व्यवस्था को मजबूत करना उनकी प्राथमिकता होगी। औरेया और गाजीपुर में डीएम रह चुके बालाजी पीवीवीएनएल वाराणसी के एमडी रह चुके हैं।
डीएम ने दैनिक जनवाणी से कहा कि हिन्दी में काम करने के लिये लोगों को प्रेरित किया जाएगा। कोरोना संक्रमण घटे और आर्थिक गतिविधियां बढ़े, इस बात पर उनका फोकस रहेगा।
साथ ही जिले की कानून व्यवस्था और मजबूत की जाएगी। उन्होंने बताया कि एमडीए उपाध्यक्ष का कार्यभार वह सोमवार को संभालेंगे। लॉकडाउन अवधि में रोजगार खो चुके लोगों के सवाल पर डीएम ने कहा कि इसके लिए सरकार ने कई स्कीमें शुरू की हैं।
विभिन्न विभागों से समन्वय बनाकर अधिक से अधिक लोगों व श्रमिकों को रोजगार देने का प्रयास किया जाएगा। जनता की समस्याओं का निस्तारण प्राथमिकता से किया जाएगा। विकास कार्यों में तेजी लायी जाएगी।

