जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: कोरोना संक्रमण के कारण इस बार क्रिसमस का उत्साह, उल्लास और उमंग एतियात के साथ है। सेंटा क्लॉज भी चॉकलेट बांटने के लिए मास्क पहनकर आएंगे और सैनिटाइजर का वितरण भी करेंगे। क्रिसमस करीब आ चुका है इसलिए सेलीब्रेशन की तैयारियां भी शुरू हो गई है।
ईसाई समाज क्रिसमस के खुमार में डूबने लगा है। बच्चों के बीच जहां सबसे खूबसूरत सांता क्लॉज बनने की होड़ है वहीं क्रिसमस ट्री को आकर्षक बनाने के लिए तगड़ा कंपीटशन चल रहा है। वहीं शहर के सभी चर्चों में क्रिसमस सेलीब्रेशन की तैयारियां चल रही है। हर बार ईसाई समाज के लोग घर-घर जाकर केरल सिंगिंग के माध्यम से क्रिसमस पर्व की शुरूआत करते हैं। वहीं, क्रिसमस पर्व की शुरूआत तो 25 को हो जाती हैं, लेकिन जश्न नए साल तक चलता है।
नए डिजाइन में आया सेंटा का बैग
क्रिसमस स्टॉटिंग इस बार कई नए डिजाइनों में आए है। ये शाक्स की शेप में बैग होता है जिसे आसानी से केरी किया जा सकता है। गिफ्ट आइटम के रूप में इसे काफी पसंद किया जाता है। वहीं शाइनिंग क्रिसमस हेट भी लोगों को खूब पसंद आ रही है। लाइटिंग वाले शोपीस भी काफी खरीदे जा रहे है।

रम केक की डिमांड
घर से लेकर बाजारों तक में क्रिसमस को लेकर तैयारियां शुरू हो गई है। शहर के मेन बाजार लाल रंग और क्रिसमस ट्री से सजने लगे है। वहीं, क्रिसमस पर सबसे ज्यादा केक और सांता को लेकर लोगों में क्रेज रहता है। बता दें कि क्रिसमस को लेकर रम केक, प्लम केक, आइस केक आदि की सबसे अधिक डिमांड हो रही है।
वहीं सेंटा केक भी कुछ कम नहीं है। इतना ही नहीं इन्हें आर्डर पर भी तैयार कराया जा रहा है। साकेत स्थित केक फैक्ट्री की संचालिका गरिमा ने बताया कि क्रिसमस पर सबसे अधिक रम और सेंटा केक की डिमांड रहती है। इस समय रेडवेलवेट और चॉकलेट कॉफी भी डिमांड में है। 200 से लेकर दो हजार रुपये तक के इन केक में किशमिश और कैरेट केक भी नए फ्लेवर में है।
इस बार पुराने स्टॉक के सहारे दुकानदार
क्रिसमस और नए साल सेलिब्रेशन के लिए हर साल एक माह पहले से ही जमकर तैयारियां शुरू हो जाती हैं, लेकिन इस बार इन पर कोविड की मार पड़ गई है। गिफ्ट शॉप जहां हर साल इस स्पेशल मौके पर सड़कों तक सजा दी जाती हैं। वहीं, इस बार नया स्टॉक तक दुकानदारों ने नहीं मंगाया है। जिसकी वजह है कोविड के कारण खरीदारी ही नहीं होना। ईसाइयों का मुख्य पर्व क्रिसमस डे अब नजदीक ही आ गया है। वहीं, इसके बाद न्यू ईयर ईव भी आने जा रही है।

ऐसे में लोग इन त्योहारों के मौके पर सेलिब्रेशन को लेकर उत्सुक रहते हैं, लेकिन कोरोना संक्रमण ने दिसंबर माह में होने वाली ये रौनक भी छीन ली है। दुकानों पर हर साल की तरह बाहर बड़े-बड़े क्रिसमस ट्री और सेंटा लगे नजर नहीं आ रहे हैं। दरअसल, आबुलेन बाजार पर इस बार गिफ्ट शॉप के दुकानदारों ने कोई नया स्टॉक नहीं खरीदा है।
दुकानदारों का कहना है कि संक्रमण काल के कारण लोग खरीदारी में दिलचस्पी ही नहीं दिखा रहे हैं। ऐसे में जो स्टॉक पहले से ही है वह तक नहीं बिक रहा है। इसलिए फिलहाल पुराना स्टॉक ही निकालने में लगे हैं। नए स्टॉक को नुकसान होने के डर से नहीं खरीदा जा रहा है। आबुलेन स्थित आर्चीस गैलेरी और प्रकाश कार्ड पर भी ज्यादा नया स्टॉक नहीं मंगाया गया है।
ये कहना हैं इनका

प्रकाश कार्ड्स के मालिक निखिल का कहना है कि कोरोना की वजह से कारोबार आधा भी नहीं हो पा रहा है। इसलिए फिलहाल पुराना स्टॉक ही निकाल रहे हैं। ग्रीट्ंिग कार्ड्स भी इस बार बिक नहीं पा रहे हैं। इसी लिए इस बार स्टोक ज्यादा नही मंगाया।

