- रालोद नेता अहमद हमीद ने बड़ौत में किसानों पर लाठीचार्ज व मुकदमे दर्ज करने की निंदा की
मुख्य संवाददाता |
बागपत: रालोद नेता अहमद हमीद ने कहा कि किसानों पर भाजपा अत्याचार कर रही है। सरकार लाठियों के दम पर किसान की आवाज को दबाने का प्रयास कर रही है, जिसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। किसान पर लाठी बरसाने का हिसाब सरकार को देना होगा। उन्होंने कहा कि राकेश टिकैत के साथ जो हुआ वह निंदनीय है। सरकार को तानाशाही रवैया छोड़ना होगा।
रालोद नेता अहमद हमीद ने शुक्रवार को बयान जारी किया। उन्होंने कहा कि बड़ौत में किसान हाइवे पर एक तरफ शांतिपूर्ण तरीके से धरना दे रहे थे। एक तरफ वाहनों का आवागमन भी जारी था, लेकिन एनएचएआई के पत्र का हवाला देकर सरकार ने अपना तानाशाही रवैया अपनाकर किसानों पर लाठी चला दी।
रात्रि में किसानों पर सोते हुए लाठियां मारी गई। किसान को गंभीर चोटें भी आई, लेकिन किसी को किसान की पीड़ा दिखाई नहीं दी। पुलिस-प्रशासन भी किसानों का सामान उठाकर ले गया। किसानों पर फर्जी मुकदमा दर्ज करा दिया गया। जबकि जहां किसान बैठे हुए थे उसके अलावा अन्य स्थानों पर हाइवे का निर्माण अधूरा पड़ा हुआ है। हाइवे निर्माण दूसरे स्थानों पर पूरा करने की बजाय उसी स्थान पर करने की जिद सिर्फ तानाशाही रवैये को परिचय देता है। इसकी जितनी निंदा की जाए कम है।
भाकियू प्रवक्ता राकेश टिकैत की आंखों से छलके आंसू किसान की पीड़ा है। वह किसान की आंखों से निकलने वाले आंसू हैं। एक-एक बूंद का हिसाब किसान सरकार से लेगा। राकेश टिकैत पर गणतंत्र दिवस के अवसर पर जो फर्जी मुकदमा दर्ज किया गया है सरकार को उसे तुंरत वापस लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार के शासन में जो भी आवाज उठाता है उसे लाठियों के बल पर चुप करने का प्रयास किया जाता है।
क्योंकि सरकार हिटलरशाही पर आ चुकी है। सरकार ने जो फैसला ले लिया, उसके खिलाफ कोई आवाज नहीं उठनी चाहिए, लेकिन यह लोकतांत्रिक देश है। यहां सभी को अपने हक की आवाज उठाने का अधिकार है। किसानों को भी आवाज उठाने का पूर्ण अधिक है। उन्होंने कहा कि रालोद मुखिया चौधरी अजित सिंह, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष जयंत चौधरी ने हमेशा किसान की आवाज को बुलंद किया है।
किसान के खिलाफ आने वाले कृषि कानूनों को वापस कराने की लड़ाई में भी रालोद हर कदम पर साथ है। उन्होंने कहा कि जब किसान तीनों कृषि कानूनों का विरोध कर रहे हैं तो सरकार जबरदस्ती क्यों लागू कर रही है? क्यों किसान को बर्बाद करने की नीति पर काम कर रही है? आने वाले चुनाव में किसान भी अपनी वोट से सरकार को अपनी ताकत का परिचय देगा।

